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    परिकल्पना

    • के. वि. सं. उच्च गुणवत्ता वाले शैक्षिक प्रयासों के माध्यम से उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए अपने छात्रों को ज्ञान/मूल्य प्रदान करने और उनकी प्रतिभा, उत्साह और रचनात्मकता का पोषण करने में विश्वास रखता है।

    उद्देश्य

    • शिक्षा का एक सामान्य कार्यक्रम प्रदान करके रक्षा और अर्ध-सैन्य कर्मियों सहित स्थानांतरणीय केंद्र सरकार के कर्मचारियों के बच्चों की शैक्षिक आवश्यकताओं को पूरा करना है।
    • स्कूली शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल करने और गति निर्धारित करने के लिए।
    • केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) और राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) आदि जैसे अन्य निकायों के सहयोग से शिक्षा में प्रयोग और नवाचारों को शुरू करना और बढ़ावा देना।
    • राष्ट्रीय एकता की भावना का विकास करना और बच्चों में “भारतीयता” की भावना पैदा करना।
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    KVS-Vision-Mission

    विद्यालय के बारे में

    उत्पत्ति

    केन्द्रीय विद्यालय, सी.आर.पी.एफ. ग्रुप केन्द्र, झरौदा कलान, 1975 में , गुणवत्ता की शिक्षा प्रदान करने के लिए अस्तित्व में आया ! विविधता में एकता के साथ यह एक सह - शिक्षा विद्यालय, केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सी.बी.एस.ई.) से संबद्ध है ! सकल के महत्वपूर्ण मील के पत्थर सितंबर, 2005 तक इसकी स्थापना के बाद से इसे सीआरपीएफ बैरक में चलाया गया था।

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    विद्यालय के दृष्टिकोण के बारे में

    शिक्षा का एक सामान्य कार्यक्रम प्रदान करके रक्षा और अर्ध-सैन्य कर्मियों सहित हस्तांतरणीय केंद्र सरकार के कर्मचारियों के बच्चों की शैक्षिक आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए; उत्कृष्टता को आगे बढ़ाने और क्षेत्र में गति निर्धारित करने के लिए; स्कूल शिक्षा केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड और राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद आदि जैसे अन्य निकायों के सहयोग से शिक्षा में प्रयोग और नवाचार को आरंभ करने और बढ़ावा देने के लिए।

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    विद्यालय के उद्देश्य के बारे में

    शिक्षा का एक सामान्य कार्यक्रम प्रदान करके रक्षा और अर्ध-सैन्य कर्मियों सहित हस्तांतरणीय केंद्र सरकार के कर्मचारियों के बच्चों की शैक्षिक आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए; उत्कृष्टता को आगे बढ़ाने और क्षेत्र में गति निर्धारित करने के लिए; स्कूल शिक्षा केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड और राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद आदि जैसे अन्य निकायों के सहयोग से शिक्षा में प्रयोग और नवाचार को आरंभ करने और बढ़ावा देने के लिए।

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    संदेश

    commisioner

    श्री विकास गुप्ता, भा. प्र. से., आयुक्त
    शिक्षक दिवस 2026 के अवसर पर मैं देश के समस्त शिक्षक समुदाय को अपनी हार्दिक शुभकामनाएँ प्रेषित करता हूँ।

    आज जब शिक्षा का क्षेत्र तीव्र गति से परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है, तब भी शिक्षण की मूल भावना और उसका सार शाश्वत है। देशभर के केन्द्रीय विद्यालयों में हमारे शिक्षक पूर्ण समर्पण, प्रतिबद्धता और अटूट उत्साह के साथ शिक्षा के उद्देश्य को आगे बढ़ा रहे हैं।

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    2026041558

    श्री वरुण मित्र

    उप आयुक्त

    “शिक्षा सोच को आकार देती है, चरित्र का निर्माण करती है और राष्ट्र को मज़बूत बनाती है।” तेज़ी से हो रही तकनीकी प्रगति और अभूतपूर्व बदलावों के इस दौर में, शिक्षा केवल ज्ञान हासिल करने तक सीमित नहीं है; यह चरित्र, रचनात्मकता, क्षमता और संवेदना को विकसित करने का माध्यम है। केंद्रीय विद्यालय संगठन, क्षेत्रीय कार्यालय दिल्ली, उत्कृष्टता के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता के साथ, एक प्रगतिशील, समावेशी और जागरूक भारत की ओर बढ़ने का प्रयास कर रहा है। केंद्रीय विद्यालय हमेशा से ही सीखने, अनुशासन, विविधता और राष्ट्रीय एकता के जीवित उदाहरण रहे हैं, जहाँ पढ़ाई-लिखाई में बेहतरीन प्रदर्शन के साथ-साथ खेल, कला, संस्कृति, टेक्नोलॉजी और जीवन-कौशल पर भी ध्यान दिया जाता है। हमारी कोशिश ऐसे नागरिक तैयार करने की है जो आत्मविश्वासी, संवेदनशील, मुश्किलों का सामना करने वाले, ज़िम्मेदार और भविष्य के लिए तैयार हों। इस सोच को ध्यान में रखते हुए, हमारे विद्यालय, शिक्षा का ऐसा श्रोत हैं जहाँ बच्चे सवाल पूछतें है , प्रयोग करते है , नई चीज़ें खोजते है , मिलकर काम करते है और कुछ नया सिखते और बनाते हैं । नई टेक्नोलॉजी नन्ही सोंच को सीखने में मदद करती है और शिक्षक मार्गदर्शक की भूमिका निभाते है जो शिक्षार्थी को ज्ञान और उनके सपनों को कामयाबी में बदलने के लिए प्रेरित करते है। शिक्षक भविष्य के निर्माता और बदलाव लाने वाले होते हैं। नई शिक्षा निति 2020 के लक्ष्यों को पूरा करने के लिए उनका लगातार प्रोफेशनल डेवलपमेंट, पढ़ाने का नया और अनोखा तरीका और हर सीखने वाले के प्रति समर्पण बहुत ज़रूरी है। जैसे-जैसे हम ‘विकसित भारत’ के विज़न की ओर बढ़ रहे हैं, आइए हम हर केंद्रीय विद्यालय को क्रिएटिविटी, अच्छे चरित्र और क्षमता का केंद्र बनाने का संकल्प लें, जहाँ हर बच्चा अपनी काबिलियत को पहचाने और हर शिक्षक बदलाव लाने के लिए प्रेरित करने में सक्षम हो। आइए, हम पूरे विश्वास, सहयोग और प्रतिबद्धता के साथ मिलकर एक ऐसा शैक्षिक माहौल बनाएं जहाँ हर सीखने वाला आगे बढ़ सके, हर प्रतिभा को निखरने का मौका मिले,हर सपने को सही दिशा मिले और वह सफलता के नए शिखरों को छुएँ। केन्द्रीय विद्यालय संगठन एक समृद्ध, प्रेरणादायी एवं समावेशी शिक्षण वातावरण प्रदान करता है, जहाँ विद्यार्थी अपने सपनों को साकार करने, अपनी प्रतिभा को निखारने तथा ज्ञान, कौशल और मूल्यों से सुसज्जित होकर अपने उज्ज्वल भविष्य को आकार देने के लिए निरंतर प्रेरित होते हैं। मैं, सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल, सफल एवं सार्थक भविष्य की हार्दिक मंगलकामना करता हूँ। वे लगातार सीखते रहें, आगे बढ़ें, बेहतरीन प्रदर्शन करें और देश के विकास में सार्थक योगदान दें। जय हिंद!

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    एस हेड एस.के

    सतीश कुमार

    प्राचार्य

    अगर एक पौधे को माली द्वारा सावधानीपूर्वक पोषित किया जाता है, तो यह अच्छा हो जाएगा, और बेहतर फल देगा। इसलिए, बच्चों को बचपन से ही अच्छी तालीम दी जानी चाहिए। आधुनिक शिक्षा बच्चे को उसकी क्षमताओं और जन्मजात प्रतिभाओं को महसूस करने और तलाशने में मदद करने के बारे में है। हमारे बच्चे हमारी आशाओं और सपनों का प्रतीक हैं। एक अभिभावक के रूप में, आप अपने बच्चे के लिए सर्वश्रेष्ठ चाहते हैं और हमें यह प्रमाणित करने के लिए आपके साथ काम करने में गर्व है कि वे एक वैश्विक नेता के रूप में भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए अनुकूल माहौल में सही ज्ञान के साथ पोषित हैं। शिक्षा केवल भविष्य की नौकरी के लिए ज्ञान देने की एक प्रक्रिया नहीं है बल्कि एक आजीवन प्रक्रिया है जो किसी के जीवन का मार्गदर्शन करने और हमारे छात्रों को देश की भविष्य की आशा बनाने के लिए नैतिक और नैतिक मूल्यों की समझ पैदा करती है। हमारे ठोस प्रयास शिक्षा के प्रति श्रद्धा का माहौल और एक स्वस्थ वातावरण बनाने के लिए हैं जहाँ काम, खेल और सह-पाठयक्रम गतिविधियाँ हमारे छात्रों को ढालेंगी और उन्हें सबसे उज्ज्वल और सर्वश्रेष्ठ बनाने के लिए प्रेरित करेंगी। ऐसा करने के लिए, माता-पिता और स्कूल अधिकारियों को छात्रों में कुछ मूल्यों को शामिल करने के लिए मिलकर काम करना चाहिए। अपने से बड़ों के प्रति सम्मान, विशेषकर शिक्षकों और अनुशासन के प्रति प्रतिबद्धता को भारतीय संस्कृति में उकेरा गया है। आइए हम इन आदर्शों को अपनी युवा पीढ़ी में शामिल करें। एक छात्र जिसके पास शिक्षक के लिए सम्मान है, वह प्राधिकरण और सीखने के लिए अधिक ग्रहणशील होगा। इससे बच्चे को स्कूल से बाहर निकलने में आसानी होगी। एक छात्र जिसे अनुशासन सिखाया जाता है, वह आत्म-नियंत्रण की शक्ति सीखेगा। सफल होने के लिए, हमें आत्म-अनुशासन की आवश्यकता होती है जो हमें समूह हित के पक्ष में व्यक्तिगत हित का त्याग करना सिखाता है। हम चाहते हैं कि आप अपने बच्चों से सर्वश्रेष्ठ प्राप्त करने के लिए हमारे स्कूल में निर्धारित दिशानिर्देशों का उपयोग करें। माता-पिता और शिक्षक मिलकर अपने भविष्य के लिए अकादमिक रूप से तैयारी करते हुए बच्चों में उचित अनुशासन और बुनियादी मूल्यों को स्थापित कर सकते हैं। हमें यकीन है कि हमारे कल, आज और कल के छात्र इस विद्यालय में अपने हाथों में सौंपे गए मानवता और एकता के आदर्श को आगे बढ़ाएंगे। हम आशा करते हैं कि वे हमेशा अपनी पढ़ाई में अच्छा करेंगे और अपने अल्मा मेटर में सीखे गए उच्च मूल्यों को बनाए रखेंगे। हमेशा याद रखें, वास्तविक शिक्षा में अपने आप को सर्वश्रेष्ठ बनाना है। मानवता की पुस्तक से बेहतर पुस्तक और क्या हो सकती है |

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    सोशल मीडिया

    चीजों का अन्वेषण करें

    शैक्षणिक योजनाकार

    शैक्षणिक योजनाकार

    सत्र 2026-27के लिए के.वी.एस. की शैक्षणिक योजना

    शैक्षिक परिणाम

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    दसवीं और बारहवीं कक्षा के लिए सीबीएसई बोर्ड परिणाम विश्लेषण

    बाल वाटिका

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    पीएम श्री केवी झरोदा कलां (सीआरपीएफ) में लागू नहीं

    निपुण लक्ष्य

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    पीएम श्री के वी झाडौड़ा कलां के निपुण भारत की गतिविधियाँ |

    शैक्षणिक हानि कार्यक्रम का मुआवजा (सीएएलपी)

    शैक्षणिक हानि कार्यक्रम का मुआवजा (सीएएलपी)

    पीएम श्री के वी झाडौड़ा कलां में शैक्षणिक क्षति मुआवजा की गतिविधियां

    अध्ययन सामग्री

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    अध्ययन सामग्री (कंप्यूटर विज्ञान) के लिए यहां क्लिक करें

    कार्यशालाएँ एवं प्रशिक्षण

    कार्यशालाएँ एवं प्रशिक्षण

    शैक्षणिक और व्यावसायिक विकास के लिए कार्यशालाएँ और प्रशिक्षण आयोजित किए गए

    विद्यार्थी परिषद

    विद्यार्थी परिषद

    पीएम श्री के वी झाडौड़ा कलां (सीआरपीएफ)र की विद्यार्थी परिषद समिति

    अपने स्कूल को जानें

    अपने स्कूल को जानें

    आइये पीएम श्री के वी झाडौड़ा कलां (सीआरपीएफ) केबारे में जाने

    अटल टिंकरिंग लैब

    अटल टिंकरिंग लैब

    ‘भारत में दस लाख बच्चों को इनोवेटर्स के रूप में विकसित करने’ की दृष्टि से,अटल इनोवेशन मिशन पूरे भारत के स्कूलों में

    डिजिटल भाषा लैब

    डिजिटल भाषा लैब

    केवी झाड़ौदा कलां में डिजिटल लैंग्वेज लैब उपलब्ध नहीं है

    आईसीटी

    आईसीटी - ई-क्लासरूम एवं प्रयोगशालाएँ

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ), नई दिल्ली का आईसीटी-ईक्लासरूम और लैब विवरण।

    पुस्तकालय

    पुस्तकालय

    पीएम श्री के वी झाड़ौदा कलां (सीआरपीएफ) का पुस्तकालय विभाग

    प्रयोगशालाएँ

    प्रयोगशालाएँ - भौतिकी/रसायन विज्ञान/जीवविज्ञान

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ) का पुस्तकालय विभाग

    भवन एवं बाला पहल

    भवन एवं बाला पहल

    विद्यालय के संपूर्ण भौतिक वातावरण को सीखने की सहायता के रूप में विकसित करने के बारे में है

    खेल अवसंरचना

    खेल अवसंरचना (खेल के मैदान)

    केवी झाड़ौदा कलां विद्यालय में खेल का बुनियादी ढांचा

    एसओपी/एनडीएमए

    एसओपी/एनडीएमए

    एसओपी/एनडीएमए मॉक ड्रिल आयोजित की गई

    खेल

    खेल

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ) का खेल बुनियादी ढांचा

    एनसीसी

    एनसीसी/स्काउट एवं गाइड

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ) की स्काउट और गाइड गतिविधियाँ

    शिक्षा भ्रमण

    शिक्षा भ्रमण

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ) में भ्रमण/क्षेत्र का दौरा

    ओलम्पियाड

    ओलम्पियाड

    विभिन्न विज्ञान और गणित ओलंपियाड में भाग लिया

    प्रदर्शनी

    प्रदर्शनी - एनसीएससी/विज्ञान/आदि

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ) की सामाजिक विज्ञान और विज्ञान प्रदर्शनी गतिविधियाँ

    एक भारत श्रेष्ठ भारत

    एक भारत श्रेष्ठ भारत

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ) की एक भारत श्रेष्ठ भारत गतिविधियां

    हस्तकला या शिल्पकला

    हस्तकला या शिल्पकला

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ) की कला और शिल्प गतिविधियाँ

    मजेदार दिन

    मजेदार दिन

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ) में मजेदार दिन की गतिविधियाँ

    युवा संसद

    युवा संसद

    पीएम श्री के वी झारोड़ा कलां (सीआरपीएफ) की युवा संसद गतिविधियाँ

    पीएम श्री स्कूल

    पीएम श्री स्कूल

    केवी झाड़ौदा कलां को चरण 2 में पीएम श्री के रूप में चुना गया

    कौशल शिक्षा

    कौशल शिक्षा

    पीएम श्री के वी झाड़ौदा कलां (सीआरपीएफ) की कौशल शिक्षा (प्रीवोकेशनल गतिविधियां)

    मार्गदर्शन एवं परामर्श

    मार्गदर्शन एवं परामर्श

    मार्गदर्शन एवं परामर्श गतिविधियाँ

    सामाजिक सहभागिता

    सामाजिक सहभागिता

    पीएम श्री के वी झाड़ौदा कलां (सीआरपीएफ) में सामाजिक सहभागिता

    विद्यांजलि

    विद्यांजलि

    विद्यांजलि शिक्षा मंत्रालय द्वारा सामुदायिक और निजी क्षेत्र के माध्यम से स्कूलों को मजबूत करने के उद्देश्य से एक पहल

    प्रकाशन

    प्रकाशन

    पीएम श्री के वी झाड़ौदा कलां (सीआरपीएफ) की प्रकाशन

    समाचार पत्र

    समाचार पत्र

    पीएम श्री के वी झाड़ौदा कलां (सीआरपीएफ) की समाचार पत्रिका

    विद्यालय पत्रिका

    विद्यालय पत्रिका

    पीएम श्री के वी झाड़ौदा कलां (सीआरपीएफ) की विद्यालय पत्रिका

    अनमोल क्षण

    देखें क्या हो रहा है ?

    छात्रों के बारे में समाचार और कहानियाँ, और पूरे स्कूल में नवाचार

    Excursion

    शैक्षिक भ्रमण

    शैक्षिक भ्रमण

    Women Day

    महिला दिवस समारोह

    पीएम श्री केवी झारोदा कलां (सीआरपीएफ) में महिला दिवस समारोह

    Amrit Udyan

    शैक्षिक यात्रा

    शैक्षिक यात्रा

    उपलब्धियाँ

    शिक्षक

    • प्रियंका
      प्रियंका छाबड़ा सहाय पीजीटी (सीएस)

      प्रियंका छाबड़ा सहाय पीजीटी (सीएस) ने कंप्यूटर साइंस (सीएस) में दिल्ली क्षेत्र में सर्वोच्च पीआई और इन्फॉर्मैटिक्स प्रकटीसेस (आईपी) में दूसरा सर्वोच्च पीआई हासिल किया।

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    • अविनाश सिंह
      अविनाश सिंह पीजीटी (भूगोल)

      अविनाश सिंह पीजीटी (भूगोल) ने दिल्ली क्षेत्र में सर्वोच्च पीआई हासिल की।

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    विद्यार्थी

    • अनिया
      आनिया सांगवान

      सभी विषयों में ए1 प्राप्त किया

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    • एस अमरनाथ
      एस अमरनाथ

      विज्ञान में सर्वोच्च अंक प्राप्त किये

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    नवप्रवर्तन

    छोटी सी खुली लाइब्रेरी

    नवप्रवर्तन

    विज्ञान प्रयोग

    श्रेष्ठ विद्यालय टॉपर्स

    सीबीएसई बोर्ड परीक्षा दसवीं और बारहवीं कक्षा

    10वीं कक्षा

    • शुभम

      शुभम
      प्राप्त अक 97.6%

    • प्रतिष्ठा

      प्रतिष्ठा
      प्राप्त अंक 97.2%

    • आयुष

      आयुष
      प्राप्त अंक 96.8%

    12वीं कक्षा

    • सोनाली

      सोनाली नेगी
      विज्ञान
      प्रापत अंक 95.80%

    • कीर्ति

      कीर्ति शुक्ला
      कॉमर्स
      प्राप्त अंक 82%

    • सौम्

      सौम्या
      कला
      प्राप्त अंक 95.60%

    विद्यालय परिणाम

    सत्र 2025-26

    परीक्षा में सम्मिलित 148 उत्तीर्ण 148

    सत्र 2024-25

    परीक्षा में सम्मिलित 106 उत्तीर्ण 106

    सत्र 2023-24

    परीक्षा में सम्मिलित 171 उत्तीर्ण 171

    सत्र 2022-23

    परीक्षा में सम्मिलित 230 उत्तीर्ण 230